रजत बनर्जी ने आईडीएसए के नए अध्यक्ष के रूप में कार्यभार संभाला


शब्दवाणी समाचार, शनिवार 2 अक्टूबर  2021, नई दिल्ली। एमवे (Amway) इंडिया के कॉर्पोरेट मामलों के वाइस प्रेसिडेंट रजत बनर्जी ने भारत के टॉप डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री बॉडी आईडीएसए के नए अध्यक्ष का पदभार ग्रहण कर लिया है। उन्होंने सुश्री रिनी सान्याल, डायरेक्टर- रेगुलेटरी एंड गवर्नमेंट अफेयर्स, हर्बलाइफ न्यूट्रिशन की जगह ली, जिन्होंने अपना दो साल का कार्यकाल पूरा कर लिया। बनर्जी 2023 तक नई टीम का नेतृत्व करेंगे। आईडीएसए डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री के लिए एक ऑटोनोमस, सेल्फ-रेगुलेटरी बॉडी है। एसोसिएशन की 25वीं वार्षिक आम साधारण बैठक के दौरान नई कार्यकारिणी समिति के गठन का चुनाव हुआ। विवेक कटोच-कॉर्पोरेट मामलों के डायरेक्टर- आरबीए साउथ एशिया और साउथ-ईस्ट एशिया, ओरिफ्लेम इंडिया, को वाइस-चेयरमैन के रूप में चुना गया। हरीश पंत, डायरेक्टर और हेड, गवर्नमेंट रिलेशंस, हर्बलाइफ इंटरनेशनल इंडिया, को संगठन का कोषाध्यक्ष चुना गया है। वहीं, अपराजिता सरकार, हेड-ग्रोथ ऑफिस, मोदीकेयर लिमिटेड, को आईडीसीए का नया सचिव चुना गया है। नई कार्यकारी समिति दो साल की अवधि के लिए पद पर रहेगी।

आईडीएसए का कार्यभार संभालते हुए बनर्जी ने कहा, “डायरेक्ट सेलिंग अपने मजबूत बिजनेस मॉडल के साथ महामारी के प्रभाव को नकार सकता है। यह इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के पॉजिटिव एटीट्यूड से पनपता है। डायरेक्ट सेलिंग ग्रामीण भारत में भी पैठ बनाने, लोगों को आजीविका प्रदान करने और बिक्री की कला में कुशल बनाने में मददगार रही है। हमने देशभर में डायरेक्ट सेलिंग-पीपल बिजनेस- को आगे बढ़ाने के लिए भविष्य का एक विजन या रोडमैप तैयार किया है। उन्होंने यह भी कहा, "कंज्यूमर प्रोटेक्शन हमारे लिए सर्वोच्च प्राथमिकता है। आईडीएसए ने पूर्व में कई सरकारी विभागों के समक्ष यह चिंता जताई थी। कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट 2019 ने डायरेक्ट सेलिंग पर स्पष्ट मानदंडों और विनियमों की दिशा में नए रास्ते खोले हैं और इंडस्ट्री डायरेक्ट सेलिंग के लिए एक व्यापक नियामक ढांचे को देखने के लिए उत्सुक है। डायरेक्ट सेलिंग 'नियम' अब लागू किए जा रहे हैं और साफ है कि इससे इंडस्ट्री को महत्वपूर्ण नीतिगत मामलों पर और स्पष्टता मिलेगी।

नए आईडीएस वार्षिक सर्वेक्षण (2019-20) के अनुसार, भारतीय डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री का मूल्य 2019-20 में 1,67,762 मिलियन रुपए था, जबकि 2018-19 में यह सिर्फ 1,30,800 मिलियन रुपए था। भारत ने 28% की उच्चतम साल-दर-साल वृद्धि दर्ज की है। इससे यह दुनिया के टॉप 20 डायरेक्ट सेलिंग वाले देशों में सबसे तेजी से बढ़ने वाला डायरेक्ट सेलिंग मार्केट बन गया है।

निवर्तमान अध्यक्ष रिनी सान्याल ने कहा, "सहयोग, कड़ी मेहनत और टीम निर्माण सफलता के मुख्य मंत्र हैं। संकट के समय में डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्ररी ने बाधाओं को अवसर में बदला है। उपभोक्तावाद और डिजिटल पैठ बढ़ी है, और इसे देखकर कह सकते हैं कि भारतीय डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री का भविष्य उज्ज्वल है। इस क्षेत्र की वृद्धि जारी है और नए सामान्य के साथ इसके जारी रहने की उम्मीद है। आगे बढ़ते हुए हमें इस मजबूत विकास पथ को बनाए रखने के लिए अपने प्रयासों को बढ़ाने की जरूरत है।

चेतन भारद्वाज, महाप्रबंधक, आईडीएसए, नेतृत्व टीम को समर्थन देते हुए आईडीएसए सचिवालय का नेतृत्व करते रहेंगे। इंडस्ट्री बॉडी को भारतीय डायरेक्ट सेलिंग इंडस्ट्री के दीर्घकालिक विकास और स्थिरता के लिए मजबूत प्लेटफॉर्म बनाने की दिशा में काम करते रहेंगे। 

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