SpeEdLabs की‌ फ़ाउंडेशन क्लासेस को लॉन्च करने की तैयारी, 6 हायब्रिड शिक्षा केंद्र शुरू होंगे

शब्दवाणी समाचार, बुधवार 26 अक्टूबर 2022, सम्पादकीय व्हाट्सप्प 8803818844, ग़ाज़ियाबाद। टियर 2 और टियर 3 शहरों में छात्रों को किफ़ायती फ़ीस पर फ़ाउंडेशन कोर्सेस मुहैया कराने‌ का लक्ष्य के‌ साथ भारत के पहले एडैप्टिप प्रैक्टिस ऐप SpeEdLabs ने फ़ाउंडेशन कोर्सेस को लॉन्च करने की‌ तैयारी कर ली है. इस हायब्रिड मॉडल के तहत जानकार शिक्षक छात्रों को गुणवत्तापूर्ण तरीके से शिक्षा प्रदान करेंगे. इन फ़ाउंडेशन कोर्स को कुछ इस तरह से तैयार किया गया है कि तमाम छात्रों को बढ़िया पाठ्यक्रम, उच्च दर्ज की शिक्षा सामग्री प्राप्त हो और सीधे तौर पर IIT/ NIT फ़ैक्लटी की ओर से पढ़ने का मौका मिले। इन कोर्सेस के‌ ज़रिए 100,000 छात्रों को लाभ होगा. इन‌ कोर्सेस का मक़सद प्रतियोगी परीक्षाओं की अग्रिम पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करना होगा। इन पाठ्यक्रमों को उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार, दिल्ली, एनसीआर, हरियाणा और राजस्थान के टियर 2 और टियर 3 शहरों में स्थित 500 से अधिक कोचिंग साझेदारों की‌‌ मदद से लागू किया जाएगा इन पाठ्यक्रमों के‌ माध्यम से छात्रों को IIT, NIT समेत अन्य प्रतिष्ठित शिक्षा संस्थानों के फ़ैकल्टी से शिक्षा हासिल करने का मौका मिलेगा। जो छात्र 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं के बाद JEE, NEET and CUET जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए टेस्ट देना चाहते हैं, ऐसे छात्रों को इसका सर्वाधिक लाभ हासिल‌ होगा. छात्रों को विभिन्न तरह के प्रैक्टिस पेपर्स और टेस्ट सीरीज़ भी प्रदान‌ किये जाएंगे और एडैप्टिव लर्निंग के माध्यम‌ से हज़ारों सवाल भी उन्हें उपलब्ध कराए जाएंगे.

इस अनूठी शिक्षा प्रणाली के माध्यम‌ से छात्रों को निजी तौर पर विश्लेषणात्मक तरीके से शिक्षा संबंधी तमाम जानकारियों प्रदान‌ की जाएंगी। SpeEdLabs हायब्रिड शिक्षा केंद्रों और फ़ाउंडेशन क्लासेस के माध्यम से इन तीनों ही विषयों पर ध्यान देगा। SpeEdLabs के‌ संस्थापक विवेक वार्ष्णेय कहते हैं, आगे चलकर भारत की कामयाबी का ज़िम्मा छोटे शहरों से आनेवाले छात्रों के कंधों पर होगा. कोरोना काल के पश्चात छात्रों की संभावनाओं की पहचान करने और उन्हें बढ़ावा देने के लिए हम हायब्रिड अध्ययन प्रणाली को विकसित करने के लिए प्रयासरत हैं. टियर 3 और टियर 4 के शहरों में आज भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के अभाव को महसूस किया जा सकता है जबकि मेट्रो और टियर 1 के छात्रों को हायब्रिड शिक्षा का लाभ मिल रहा है. हम टियर 3 और टियर 4 में रहनेवाले छात्रों को बेहतरीन शिक्षा मुहैया कराने‌ के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं. चूंकि शिक्षा का भविष्य 'हायब्रिड' होगा, ऐसे में उन्हें शिक्षा देने के लिए बेहतरीन इंतज़ाम करने होंगे। अग्रणी EdTech प्लेटफॉर्म SpeEdLabs एकमात्र ऐसा प्लेटफॉर्म है जो हायब्रिड लर्निंग मॉडल को बढ़ावा देता है. कंपनी K12 और टेस्ट प्रेप स्पेस के अंतर्गत अपने आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस की‌ मदद से अगले 6 महीनों में अपनी मौजूदी 300 शहरों से बढ़ाकर 1000 शहरों तक करने की दिशा में कार्यरत है।

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